4. ऑडिट रिपोर्ट में खुलासे के बाद गड़बड़ी के आरोप में 5 अस्पताल निलंबित, 17 लाख का जुर्माना

रायपुर. आयुष्मान भारत और डॉ. खूबचंद बघेल योजना ने प्रदेश के लाखों लोगों की जिंदगियां बचाईं। लेकिन, इसी योजना की आड़ में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का मामला भी सामने आ रहा है। मंगलवार को संचालक स्वास्थ्य सेवाएं सह मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने प्रदेश 5 अस्पतालों को योजना से निलंबित करने के साथ ही 17 लाख रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है।
पता दें कि आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना और डॉ.खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत पंजीकृत अस्पतालों में इलाज करवाने वाले मरीजों का ऑनलाइन ऑडिट किया जाता है। बीते दिनों ऑडिट के दौरान कुछ अनुबंधित निजी अस्पतालों में गड़बड़ियां मिलीं। ऑडिट में पता वला कि इलाज के लिए तय पैकेज से अधिक मरीजों से पैसे वसूल किए जा रहे हैं। इसके अलावा कई अस्पतालों में कार्ड से राशि निकाल लेने के बाद मरीजों से अतिरिक्त पैसों की वसूली की जा रही है। इस सब गड़बड़ियों को देखते हुए ही रायपुर और बिलासपुर जिले के 4 अस्पतालों के खिलाफ निलंबन और 1 के खिलाफ अर्थदंड की कार्रवाई की गई है।
इन अस्पतालों पर कार्रवाई राजिम-नवापारा : अंजली नर्सिंग होम, माहेर हॉस्पिटल, शाह नर्सिंग होम, रायपुर : रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल बिलासपुर : श्रीबालाजी हॉस्पिटल के नाम मुख्य रूप से शामिल हैं



