
पुलिस सूत्रों के मुताबिक बिकरू कांड के बाद पकड़े गए आरोपित अभिनव उर्फ चिंकू से यह रायफल बरामद की गई थी। विधि विज्ञान प्रयोगशाला से जांच कराई गई तो घटना में रायफल के इस्तेमाल करने की पुष्टि हुई। चौबेपुर पुलिस ने जांच कर आशुतोष के खिलाफ रासुका और रायफल निरस्त करने की रिपोर्ट दी थी। डीएम विशाख जी ने बताया कि पुलिस की रिपोर्ट आई थी। आशुतोष के खिलाफ रासुका लगाकर उसे जेल में तामील करा दिया गया है। लाइसेंस पहले ही निरस्त हो चुका है। बहुचर्चित बिकरू कांड में इसकी अहम भूमिका रही है।
पुलिस के मुताबिक वारदात में दो सेमी ऑटोमैटिक राइफल का इस्तेमाल किया गया था। एक विकास के पास थी। जो उसके भाई दीपक दुबे के नाम पर थी। वहीं दूसरी राइफल शिव तिवारी की थी। इससे एक बार में तीस राउंड फायर होते हैं। जिन पुलिसकर्मियों की हत्या की गई थी, उनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चला था कि गोलियां इन्हीं रायफलों से मारी गई थीं। विकास के साथ शिव की भूमिका वारदात में मुख्य थी।



