3. World Hepatits Day : AIDS से ज्यादा खतरनाक ये लिवर इंजेक्शन, संक्रमण से हो सकता है कैंसर, आज तक नहीं मिल पाया इलाज

बिलासपुर. हेपेटाइटिस लिवर से जुड़ी एक बीमारी है। इंफेक्शन के कारण होने वाली इस बीमारी के कारण लिवर सिरोसिस से लेकर लिवर कैंसर तक का खतरा बढ़ सकता है। हेपेटाइटिस के 5 प्रकार हैं, इसमें से सबसे खतरनाक हेपेटाइटिस बी है। डॉक्टरों की मानें तो यह एचआईवी संक्रमण से भी ज्यादा खतरनाक है। संक्रमित होने का माध्यम भी वही है। हर साल इसकी वजह से दुनियाभर में लाखों लोग अपनी जान गंवाते हैं।
क्या है इलाज इसका
हेपेटाइटिस बी का स्थायी इलाज नहीं मिल सका है, इसलिए ये कभी न ठीक होने वाली बीमारी मानी जाती है, लेकिन अगर समय रहते रोग की पहचान कर ली जाए तो उपचार के जरिए इसे नियंत्रित कर इस बीमारी को गंभीर होने से रोका जा सकता है।
बरसात में बढ़ जाते हैं मामले
बरसात में हेपेटाइटिस ए और ई के मामले अन्य ऋतुओं की तुलना में बढ़ जाते हैं। नमी के चलते हेपेटाइटिस ए और इ वायरस तेजी से पनपते हैं।
5 प्रकार के हेपेटाइटिस
- हेपेटाइटिस ए और इ- दूषित पेयजल और अस्वच्छ खाद्य पदार्थों को ग्रहण करने से होता है। हेपेटाइटिस ए और इ, हेपेटाइटिस बी और सी की तुलना में लिवर को कम क्षति पहुंचाते हैं।
- खान-पान में संयम और समुचित इलाज कराने पर इन दोनों से छुटकारा मिल जाता है। जबकि हेपेटाइटिस बी और सी लिवर को गंभीर रूप से क्षति पहुंचाता है।
- गलत तरीके से रक्त चढ़वाने, संक्रमित व्यक्ति द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली वस्तुओं टूथब्रश और रेजर आदि के इस्तेमाल से वायर अन्य स्वस्थ लोगों को भी संक्रमित कर सकता है। हेपेटाइटिस डी में लिवर में सूजन लंबे समय तक बनी रहती है।
- हेपेटाइटिस बी बेहद चुपके से लिवर को क्षतिग्रस्त कर देता है और लोग ये समझ भी नहीं पाते कि वो हेपेटाइटिस बी से संक्रमित हैं, क्योंकि इसके लक्षण बेहद सामान्य से नजर आते हैं।
- सिम्स के फोरेंसिक विभाग से मिले आंकड़ों की मुताबिक वर्ष 2022-23 में तीन हजार लोगों की हेपेटाइटिस जांच हुई, इसमें करीब 90 लोग हेपेटाइटिस बी से संक्रमित मिले हैं। इसका सिम्स में इलाज चल रहा है।
- डॉक्टरों के अनुसार एचआईवी का वायरस खुले में चंद सेकेंड में नष्ट हो जाता है, पर हेपेटाइटिस बी का वायरस 20 मिनट तक जीवित रहता है।
- इस प्रकार यह एचआईवी के वायरस से भी ज्यादा खतरनाक है। जब कोई व्यक्ति हेपेटाइटिस बी के वायरस के संपर्क में आता है, तो इसके लक्षण विकसित होने में करीब तीन महीने का समय लग सकता है।
हेपेटाइटिस-बी की वजह



