
भोपाल । राजधानी में पकड़े गए जमात ए मुजाहिदीन बांग्लादेश (जेएमबी) के आतंकियों के तार खूंखार आतंकी संगठन अलकायदा से जुड़ रहे हैं। इस बात की जानकारी पश्चिम बंगाल में पकड़े गए अलकायदा से जुड़े आतंकियों से पूछताछ में मिली। इसके आधार पर पश्चिम बंगाल एसटीएफ भोपाल सेंट्रल जेल में बंद जेएमबी के दो सदस्यों को प्रोटेक्शन वारंट पर पश्चिम बंगाल ले गई है।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक मार्च 2022 को एटीएस ने ऐशबाग थाना इलाके से जेएमबी के कुछ सदस्यों को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में गंभीर साक्ष्य सामने आने के बाद इस केस को एनआइए ने अपने हाथ में ले लिया है। गिरफ्तार किए गए जेएमबी सदस्यों को भोपाल सेंट्रल जेल भेज दिया गया था।
हाल ही में पश्चिम बंगाल एसटीएफ ने हावड़ा और दक्षिण चौबीस परगना क्षेत्र में किराए के मकानों में रह रहे अलकायदा के आतंकियों को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में आतंकियों ने भोपाल में भी अपने दो साथियों के सक्रिय रहने के बारे में बताया। इस आधार पर पश्चिम बंगाल एसटीएफ ने मध्य प्रदेश पुलिस से जानकारी साझा की। पता चला कि दोनों संदेही इस वक्त भोपाल सेंट्रल जेल में बंद है। दोनों जेएमबी संगठन के सदस्य हैं। इसके बाद 26 सितंबर को पश्चिम बंगाल एसटीएफ जेएमबी के सदस्य जहीरुद्दीन एवं जैनुल अब्दुलदिन को प्रोटेक्शन वारंट पर अपने साथ ले गई है।
इस मामले में गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि जेल में बंद जेएमबी के दो आतंकी जहीरुद्दीन, जैनुल अब्दुलदिन को पश्चिम बंगाल पुलिस प्रोटेक्शन वारंट पर ले गई है। वह अलकायदा के नहीं, जमात ए मुजाहिदीन बांग्लादेश के सदस्य हैं। इन दोनों आतंकियों के तार भी अलकायदा से जुड़े हैं। जेएमबी के साथ अलकायदा आतंकी संगठन के लिए यह आतंकी भोपाल में पहचान छुपाकर देश विरोधी गतिविधियों को संचालित कर रहे थे। गुरुवार को बंगाल में बैंकशाल कोर्ट की विशेष अदालत में इनकी पेशी के दौरान सरकारी वकील ने कहा कि दोनों संदिग्ध अलकायदा आतंकियों पर भारत विरोधी आतंकी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है। उनके खिलाफ यूएपीए एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।



