छत्तीसगढ़
1. अंडर ब्रिज तैयार, लेकिन नहीं खोला आवाजाही के लिए, नाराज लोगों ने कहा… 15 तक नहीं खोला तो खुद शुरू कर देंंगे आवाजाही

पार्षद अरुण सिंह की अगुवाई में पटरीपार क्षेत्र के लोगों ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपकर यह चेतावनी दी है। ज्ञापन में बताया गया है कि ब्रिज का निर्माण होकर दो माह हो गया है। दो माह से निर्माण पूरा होने के बाद भी ब्रिज को बंद रखकर केवल दो लोगों को लेकर छिट-पुट काम कराया जा रहा है। वहीं दूसरी ओर लोगों को ब्रिज बंद होने से वाय-शेप ओवर ब्रिज से घूमकर शहर में आवाजाही करना पड़ रहा है। इससे पैदल, सायकल व रिक्शा सवारों के अलावा दिव्यांगों व स्कूली बच्चों को बेहद परेशानी का सामना करना पड़ता है।
एक साल पहले हो जाना था तैयार
पार्षद अरुण सिंह ने बताया कि इससे पहले तक लोग अंडरब्रिज के निर्माण में लेटलतीफी से परेशान थे। निगम और रेलवे के बीच सामंजस्य नहीं होने से करीब एक साल काम बंद रहा। इससे निर्माण भी करीब एक साल विलंब हो गया। अब निर्माण पूरा होने के बाद भी दो माह से आवाजाही के लिए नहीं खोला जा रहा।
पार्षद अरुण सिंह ने बताया कि इससे पहले तक लोग अंडरब्रिज के निर्माण में लेटलतीफी से परेशान थे। निगम और रेलवे के बीच सामंजस्य नहीं होने से करीब एक साल काम बंद रहा। इससे निर्माण भी करीब एक साल विलंब हो गया। अब निर्माण पूरा होने के बाद भी दो माह से आवाजाही के लिए नहीं खोला जा रहा।
दो लाख लोगों को फायदा
पार्षद अरुण सिंह ने बताया कि ब्रिज को खोले जाने से समूचे पटरी पार व भिलाई क्षेत्र को मिलाकर करीब 2 लाख लोगों को फायदा होगा। इसके अलावा बड़ी संख्या में शहर के लोगों को भी कामकाज के सिलसिले में पटरीपार आना-जाना पड़ता है। ब्रिज खोलने से इन लोगों को आवाजाही में सहूलियत होगी।
पार्षद अरुण सिंह ने बताया कि ब्रिज को खोले जाने से समूचे पटरी पार व भिलाई क्षेत्र को मिलाकर करीब 2 लाख लोगों को फायदा होगा। इसके अलावा बड़ी संख्या में शहर के लोगों को भी कामकाज के सिलसिले में पटरीपार आना-जाना पड़ता है। ब्रिज खोलने से इन लोगों को आवाजाही में सहूलियत होगी।
धमधा नाका का भी यही हाल
रायपुर नाका की तरह धमधा नाका में भी 11 करोड़ की लागत से अंडर ब्रिज का निर्माण कराया जा रहा है। धमधा नाका ब्रिज का निर्माण भी लगभग पूरा हो चुका है। यहां भी इसी तरह गिनती के कर्मियों से बचे काम कराया जा रहा है। यहां भी ओवर ब्रिज में दबाव के कारण जल्द से जल्द आवाजाही शुरू कराने पर जोर दिया जा रहा है।
रायपुर नाका की तरह धमधा नाका में भी 11 करोड़ की लागत से अंडर ब्रिज का निर्माण कराया जा रहा है। धमधा नाका ब्रिज का निर्माण भी लगभग पूरा हो चुका है। यहां भी इसी तरह गिनती के कर्मियों से बचे काम कराया जा रहा है। यहां भी ओवर ब्रिज में दबाव के कारण जल्द से जल्द आवाजाही शुरू कराने पर जोर दिया जा रहा है।
विभाग को उद्घाटन का इंतजार
इधर जानकारों की मानें तो विभाग के अधिकारी किसी बड़े नेता से दोनों ब्रिज का एक साथ लोकार्पण कराने के मूड में है। इसके चलते निर्माण पूरा होने के बाद भी ब्रिज पर आवाजाही शुरू नहीं कराया जा रहा है। इस संबंध में आला अधिकारियों से संपर्क कर वजह भी जानने का प्रयास किया गया, लेकिन किसी ने फोन रिसीव नहीं किया।
इधर जानकारों की मानें तो विभाग के अधिकारी किसी बड़े नेता से दोनों ब्रिज का एक साथ लोकार्पण कराने के मूड में है। इसके चलते निर्माण पूरा होने के बाद भी ब्रिज पर आवाजाही शुरू नहीं कराया जा रहा है। इस संबंध में आला अधिकारियों से संपर्क कर वजह भी जानने का प्रयास किया गया, लेकिन किसी ने फोन रिसीव नहीं किया।



