छत्तीसगढ़
6. रायपुर में होली पर 58 करोड़ की शराब बिकी, एक दिन में 4 हत्याएं और 16 चाकूबाजी की घटनाएं

रायपुर : इस होली पर्व के दौरान रायपुर जिले में शराब की बिक्री ने नया रिकॉर्ड बनाया है. सिर्फ चार दिनों में जिले में 58 करोड़ रुपए से अधिक की शराब बिक गई, जो पिछले वर्ष के आंकड़ों से लगभग 91 लाख रुपए अधिक है. यह आंकड़ा होली के तीन दिन पहले और एक दिन बाद की बिक्री को मिलाकर सामने आया है. शहर में शराब प्रेमियों ने होली के त्योहार को पूरी तरह जश्न के तौर पर मनाया, लेकिन इस दौरान शराब और नशे के चलते कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ गए. पिछले चार दिनों में होली के दिन ही रायपुर में चार हत्या और 16 से ज्यादा चाकूबाजी जैसी घटनाएं हुई हैं. पुलिस कर्मियों की वर्दी फाड़ने और महिलाओं के साथ अभद्रता जैसी घटनाओं ने कानून-व्यवस्था की स्थिति को और नाजुक बना दिया है. इसे लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) के प्रमुख दीपक बैज ने सरकार पर तीखा हमला किया है. उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था पूरी तरह बदल चुकी है और संवेदनशील त्योहारों के दौरान शराब और नशा एक बड़ा खतरा बन गया है.
होली को ड्राई डे घोषित
बैज ने यह भी कहा कि कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ आवाज उठाने के बावजूद होली को ड्राई डे घोषित करना पड़ा. बावजूद इसके जिले में शराब बिक्री और उससे जुड़ी घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. उन्होंने गृहमंत्री और प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि केवल रील बनाने और वीडियो बनाने में समय बिताने की बजाय कानून व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए. बैज का यह भी कहना है कि रायपुर में आने वाली कमिश्नर प्रणाली भी कानून व्यवस्था सुधारने में पूरी तरह कारगर साबित नहीं हो रही है.
बैज ने यह भी कहा कि कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ आवाज उठाने के बावजूद होली को ड्राई डे घोषित करना पड़ा. बावजूद इसके जिले में शराब बिक्री और उससे जुड़ी घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. उन्होंने गृहमंत्री और प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि केवल रील बनाने और वीडियो बनाने में समय बिताने की बजाय कानून व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए. बैज का यह भी कहना है कि रायपुर में आने वाली कमिश्नर प्रणाली भी कानून व्यवस्था सुधारने में पूरी तरह कारगर साबित नहीं हो रही है.

होली पर्व में शराब की बिक्री
विशेषज्ञों के मुताबिक, शराब और नशे के बढ़ते प्रचलन के कारण शहर में अपराधों की घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है. यही वजह है कि त्योहारों के दौरान प्रशासन और पुलिस के कड़े कदम बेहद जरूरी हैं. नागरिकों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लोगों की जागरूकता और प्रशासन का सक्रिय योगदान जरूरी है. कुल मिलाकर, इस होली पर्व में शराब की बिक्री और उससे जुड़ी घटनाओं ने रायपुर में कानून व्यवस्था की स्थिति पर सवाल उठाए हैं.
विशेषज्ञों के मुताबिक, शराब और नशे के बढ़ते प्रचलन के कारण शहर में अपराधों की घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है. यही वजह है कि त्योहारों के दौरान प्रशासन और पुलिस के कड़े कदम बेहद जरूरी हैं. नागरिकों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लोगों की जागरूकता और प्रशासन का सक्रिय योगदान जरूरी है. कुल मिलाकर, इस होली पर्व में शराब की बिक्री और उससे जुड़ी घटनाओं ने रायपुर में कानून व्यवस्था की स्थिति पर सवाल उठाए हैं.



