4. कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय ‘राजीव भवन’ से पुलिस की सुरक्षा हटाई गई, पार्टी ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया

लोकसभा चुनाव से पहले छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यालय से सुरक्षा हटा ली गई है. पीसीसी प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैंदू ने सुरक्षा हटाने का आरोप लगाते हुए इस संबंध में पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखा है.
आने वाले लोकसभा चुनाव को देखते हुए और पार्टी कार्यालय में अतिविशिष्ट लोगों के आवागमन को ध्यान में रखते हुए एसपी से अविलंब सुरक्षा कंपनी तैनात करने की मांग की है.
इसको लेकर मलकीत सिंह गैंदू ने कहा कि कांग्रेस मुख्यालय से सुरक्षा दुर्भावनावश हटाई गई है. पहले 24 घंटे एक एसआई और चार सिपाही तैनात हुआ करते थे. राजीव भवन की सुरक्षा हटाए जाने को लेकर हमनें SP को चिट्ठी लिखी है.
सुशील आनंद ने सरकार पर साधा निशाना
कांग्रेस मुख्यालय से सुरक्षा हटाए जाने को लेकर कांग्रेस के संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि राजनीतिक विद्वेशवष सुरक्षा हटाई गई है, यह दुर्भाग्यपूर्ण है. जब हमारी कांग्रेस सरकार थी तो BJP के दोनों दफ्तरों में सुरक्षा हुआ करती थी.
उन्होंने कहा कि यदि राजीव भवन में कोई घटना होती है तो कौन जिम्मेदार होगा? मुख्यमंत्री और गृहमंत्री को इसका जवाब देना चाहिए
महापौर की भी हटाई गई थी सुरक्षा
आपको बता दें कि दो महीने पहले रायपुर के महापौर एजाज ढेबर की सुरक्षा भी हटा ली गई थी. कांग्रेस सरकार के समय महापौर ढेबर की सुरक्षा में तीन पुलिसकर्मी बतौर पर्सनल सिक्योरिटी आफिसर ड्यूटी पर लगाए गए थे.
जानकारी के लिए बता दें कि रायपुर के महापौर को पुलिस सुरक्षाकर्मी दिए जाते रहे हैं, लेकिन इस बार सरकार बदलते ही ढेबर की सिक्योरिटी हटा लिया गया. इसके साथ ही रायपुर के पूर्व विधायक कांग्रेस नेताओं की सुरक्षा को भी रिव्यू कर सुरक्षा हटा ली गई.



