5. पक्षी प्रेमियों के लिए राहत, वन विभाग का आदेश वापस, अब नहीं देना पड़ेगा पालतू तोता

छत्तीसगढ़ में वन विभाग ने अपने एक आदेश को वापस ले लिया है जो तोते और अन्य पालतू पक्षियों के संबंध में था. पहले जारी किए गए आदेश में प्रदेश में तोतों की बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश थे. बुधवार को छत्तीसगढ़ के प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख ने 23 अगस्त को रायपुर जिला सहित पूरे प्रदेश में तोतों और अन्य पक्षियों की धड़ल्ले से बिक्री के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश जारी किए थे.
हालांकि, इस आदेश में संशोधन करते हुए अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (संरक्षण) छत्तीसगढ़ ने सभी मुख्य वन संरक्षकों और वन मंडल अधिकारियों को एक पत्र भेजा है. इस पत्र में कहा गया है कि वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 के तहत वर्तमान में हो रही खरीदी बिक्री पर प्रतिबंध हेतु आवश्यक कार्यवाही की जाएगी.
इस आदेश को स्थगित रखा जाएगा
वहीं, घरों में पाले गए तोते और अन्य पक्षियों के संबंध में इस आदेश पर कार्यवाही को केंद्रीय मंत्रालय से मार्गदर्शन प्राप्त होने तक स्थगित रखा जाएगा. पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, नई दिल्ली और वन्यप्राणी प्रभाग से आवश्यक तकनीकी मार्गदर्शन प्राप्त होने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी.



