8. Omega-3 Fatty Acid: दुनियाभर में तेजी से बढ़ी इसकी डिमांड, जानिए क्यों चर्चा में है ये तत्व, कैसे प्राप्त करें

शरीर को स्वस्थ रखने वाले प्रयासों में आहार की विशेष भूमिका होती है, हम जिस प्रकार की चीजों का सेवन करते हैं उसका सीधा असर स्वास्थ्य पर होता है। यही कारण है कि सभी लोगों को अपने आहार पर विशेष ध्यान देते रहने की सलाह दी जाती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, अगर आहार को पौष्टिक-स्वस्थ रखने वाले उपाय कर लिए जाएं तो क्रोनिक बीमारियों के जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि हाल के वर्षों में दुनियाभर में ओमेगा-3 फैटी एसिड वाली चीजों की डिमांड काफी तेजी से बढ़ी है। ये कोशिकाओं को स्वस्थ रखने वाले कारगर पोषक तत्व हैं। विशेषतौर पर हार्ट और ब्रेन को स्वस्थ रखने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका देखी जाती रही है। ये उन हार्मोंन्स को भी बढ़ावा देने के लिए भी आवश्यक है जो रक्त के थक्के, वाहिकाओं के संकुचन और धमनी की दीवारों को स्वस्थ रखने और सूजन को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक होती हैं।
ओमेगा-3 फैटी एसिड से कई स्वास्थ्य लाभ
ओमेगा-3 फैटी एसिड को आहार के माध्यम से आसानी से प्राप्त किया जा सकता है या फिर डॉक्टर इसके सप्लीमेंट्स की सलाह दे सकते हैं। इसे ब्लड फैट (ट्राइग्लिसराइड्स) के स्तर को कम करने वाले प्रभावों के लिए जाना जाता है। ट्राइग्लिसराइड्स का उच्च स्तर आपमें हृदय रोगों और स्ट्रोक का खतरा बढ़ा देता है।
इसी प्रकार ओमेगा-3 फैटी एसिड के सेवन से रुमेटाइड आर्थराइटिस वाले लोगों को भी लाभ मिल सकता है। यह मांसपेशियों की कठोरता और जोड़ों के दर्द को रोक सकती है।
मानसिक स्वास्थ्य में भी इसके फायदे
अध्ययनों से संकेत मिलता है कि जो लोग नियमित रूप से ओमेगा -3 का सेवन करते हैं उनमें अवसाद होने की आशंका कम होती है। अवसाद और चिंता वाले लोगों पर किए गए अध्ययन से पता चलता है कि ओमेगा-3 की खुराक उनके लक्षणों में सुधार भी कर सकती है। यह मस्तिष्क के उन हिस्सों के लिए फायदेमंद पाई गई है जो भावनाओं को संसाधित करने में मदद करते हैं।
शिशुओं के विकास में सहायक
शिशुओं में मस्तिष्क के विकास के लिए भी ओमेगा -3 महत्वपूर्ण हैं। गर्भावस्था के दौरान पर्याप्त ओमेगा-3 वाली चीजों का सेवन करने वाली महिलाओं पर किए गए अध्ययन में पाया गया कि इनसे जन्मे बच्चे में बेहतर संज्ञानात्मक विकास और सामाजिक कौशल भी बेहतर था। इन बच्चों में विकासात्मक देरी का जोखिम भी कम देखा गया। गर्भावस्था के दौरान होने वाली कई समस्याओं के जोखिम को कम करने में भी इसके लाभ हैं।
कैसे प्राप्त करें ओमेगा -3?
ओमेगा-3 प्राप्त करने के लिए फलों-सब्जियों के साथ कुछ प्रकार के नट्स और सीड्स काफी लाभकारी हो सकते हैं। अखरोट, अलसी के बीज, चिया सीड्स और अन्य हरी पत्तेदार सब्जियों-बीन्स में भी इसकी मात्रा हो सकती है। शोधकर्ता कहते हैं, इष्टतम स्वास्थ्य के लिए ओमेगा-3 फैटी एसिड महत्वपूर्ण हैं।
प्रति सप्ताह दो बार वसायुक्त मछली और रोजाना कुछ नट्स के सेवन से आसानी से इसकी प्राप्ति की जा सकती है।



