7. जीवनसाथी.कॉम पर महिलाओं को निशाना बनाने वाला फ्रॉड गिरोह गिरफ्तार

रायपुर । रायपुर पुलिस ने महिलाओं को मैट्रिमोनियल वेबसाइट जीवनसाथीकॉम के जरिए ठगने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय फ्रॉड रैकेट का खुलासा किया है. इस गिरोह के सदस्य महिलाओं का विश्वास जीतने के बाद उन्हें बेहोश करने वाली दवा खिलाकर उनके सोने-चांदी के आभूषण और नकदी लूट ले जाते थे.
पुलिस की एंटी-क्राइम और साइबर यूनिट ने दिल्ली और उत्तराखंड में एक साथ छापेमारी कर मुख्य आरोपी अभिनव सिंह को दिल्ली के पहाड़गंज से और उसके साथी हितिन नरुला को हरिद्वार से गिरफ्तार किया.
अभिनव सिंह जाली दस्तावेजों और फर्जी प्रोफाइल के जरिए महिलाओं से संपर्क करता था. पुलिस के अनुसार, उसने पिछले एक महीने में करीब 100 महिलाओं से जीवनसाथी.कॉम पर बातचीत की थी. पूछताछ में अभिनव सिंह ने कम से कम छह राज्यों में इसी तरह के अपराधों की बात स्वीकार की है. उसके खिलाफ दिल्ली और उत्तराखंड में पहले भी फ्रॉड और वाहन चोरी के मामले दर्ज हैं.
मामला खमरडीह थाने में दर्ज एक शिकायत पर सामने आया. पीड़िता ने बताया कि चार महीने पहले जीवनसाथी.कॉम पर अभिनव सिंह से उसकी मुलाकात हुई थी. 15 मई को अभिनव सिंह उसके जन्मदिन के बहाने घर आया. लंच के दौरान उसने चिकन डिश को दोबारा पकाने का बहाना बनाया और उसमें बेहोशी की दवा मिला दी. खाने के बाद महिला बेहोश हो गई. अगली सुबह जब होश आया तो उसकी अलमारी से सोने की चेन, दो अंगूठियां और अन्य आभूषण गायब थे. अभिनवसिंह फरार हो चुका था.
तकनीकी जांच और मोबाइल डेटा के आधार पर पुलिस ने हितिन नरुला तक पहुंच बनाई, जिसकी निशानदेही पर अभिनव सिंह गिरफ्तार हुआ. नरुला रेलवे स्टेशन पर सिंह का इंतजार करता था और भागने में मदद करता था.
छापेमारी में पुलिस ने 57 हजार रुपये नकद, करीब दो तोला सोने के आभूषण, चांदी का ब्रेसलेट और पांच मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 4.21 लाख रुपये बताई जा रही है.
रायपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि मैट्रिमोनियल साइट्स पर अजनबियों से मिलते समय सतर्क रहें. यदि कोई इस गिरोह का शिकार हुआ है तो रायपुर पुलिस कंट्रोल रूम नंबर 94791-91099 पर संपर्क कर सकता है.



